उत्तर प्रदेश: राजधानी के विस्तार और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए एलडीए ने दो बड़ी आवासीय योजनाओं की शुरुआत कर दी है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भूमि पूजन कर वरुण विहार और नैमिष नगर आवासीय योजना का शुभारंभ किया. करीब 12 हजार करोड़ रुपये की लागत से 10,680 एकड़ क्षेत्रफल में विकसित होने वाली इन दोनों योजनाओं को लखनऊ के नए विकास क्षेत्र के तौर पर देखा जा रहा है.
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने 2,166 करोड़ रुपये की लागत से पांच बहुमंजिला आवासीय परियोजनाओं का भी शिलान्यास किया. मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत विकसित की जा रही वरुण विहार और नैमिष नगर योजनाओं में कुल 4,520 आवासीय भूखंडों के लिए ऑनलाइन पंजीकरण शुरू कर दिया गया है. पंजीकरण की अंतिम तारीख 24 अक्टूबर 2026 है. एलडीए के मुताबिक, दोनों योजनाओं के पूरी तरह विकसित होने पर पांच लाख से अधिक लोगों को आवासीय सुविधा मिल सकेगी.

सीतापुर रोड के आसपास करीब 4,100 एकड़ में विकसित की जा रही नैमिष नगर योजना को उत्तरी लखनऊ के विस्तार की महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है. नैमिषारण्य धाम और मां चंद्रिका देवी मंदिर से इसकी नजदीकी इस योजना को धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन से भी जोड़ती है.
योजना के पहले चरण में ब्रह्म खंड, भूमि खंड फेज-1 और भूमि खंड फेज-2 में कुल 1,673 भूखंड उपलब्ध कराए गए हैं. यहां 72 से 450 वर्गमीटर तक के भूखंड होंगे. भूखंड की दर 3,800 रुपये प्रति वर्गफीट निर्धारित की गई है. नैमिष नगर में मेडिटेशन सेंटर, वर्ल्ड क्लास एजुकेशन हब, कल्चरल सेंटर, कम्युनिटी सेंटर, शॉपिंग स्ट्रीट और एक जिला-एक उत्पाद केंद्र जैसी सुविधाएं प्रस्तावित हैं.
योजना को आईआईएम रोड, सीतापुर रोड, किसान पथ और ग्रीन कॉरिडोर से जोड़ने के साथ हजरतगंज मेट्रो स्टेशन और सीसीएस इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक कनेक्टिविटी की सुविधा भी बताई गई है. एलडीए के अनुसार, योजना में करीब दो लाख लोगों के लिए आवासीय सुविधा विकसित होगी. इससे क्षेत्र में रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग और पर्यटन से जुड़ी गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.

आगरा एक्सप्रेस-वे के पास करीब 6,580 एकड़ में वरुण विहार योजना विकसित की जा रही है. एलडीए इसे शहर की बड़ी सेल्फ-सस्टेनेबल आवासीय कॉलोनी के रूप में विकसित करने की तैयारी में है. योजना के पहले चरण में काशी खंड, कैलाश खंड फेज-1 और कैलाश खंड फेज-2 में कुल 2,847 भूखंडों के लिए पंजीकरण शुरू हुआ है. यहां 112.5 से 450 वर्गमीटर तक के भूखंड उपलब्ध होंगे. भूखंड की दर 2,800 रुपये प्रति वर्गफीट रखी गई है.
वरुण विहार की खासियत इसकी प्रस्तावित हरित और व्यावसायिक सुविधाएं होंगी. योजना में करीब 800 एकड़ में ग्रीन बेल्ट, पार्क और वाटर बॉडीज, अंतरराष्ट्रीय स्तर का गोल्फ कोर्स, 70 एकड़ की प्राकृतिक झील, एजुकेशन हब, करीब 20 एकड़ का स्पोर्ट्स हब, सेंट्रल बिजनेस डिस्ट्रिक्ट, हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर और 300 एकड़ का लॉजिस्टिक पार्क प्रस्तावित है.
