उत्तर प्रदेश: गोमती नगर स्थित सीएमएस स्कूल में आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि शिक्षकों का सम्मान न केवल देश की वर्तमान पीढ़ी बल्कि आने वाली पीढ़ी के लिए भी सम्मान की बात है. बच्चों में मानवीय संवेदनाओं को जगाना एक शिक्षक का कर्तव्य और दायित्व दोनों है. हमें छोटी-छोटी लोकोक्तियां के माध्यम से शिक्षण कला को और मनोरंजन बनाना होगा. साथ ही इस क्षेत्र में नए अनुसंधान करते रहने की जरूरत है.
इससे पहले मुख्यमंत्री ने सीएमएस स्कूल के संस्थापक रहे डॉक्टर जगदीश गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि गांधी ने अलीगढ़ से आकर प्रदेश की राजधानी में एक विशाल वट वृक्ष को रोपने का काम किया है. उनके द्वारा सालों पहले रोपा गया यह वट वृक्ष जिसे सीएमएस के नाम से जानते हैं, उसमें आज हजारों विद्यार्थियों को अपनी छाया देकर उन्हें समाज में कुछ अच्छा करने और देश और प्रदेश का नाम रोशन करने के लिए उन्हें तैयार कर रहा है. डॉ भारती गांधी ने सीएमएस को देश का प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान बनाया है. डॉक्टर गांधी विपरीत परिस्थितियों में भी हार न मानने वाले व्यक्ति थे.
आज लखनऊ से बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत विद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को ड्रेस, जूता-मोजा, स्टेशनरी आदि क्रय हेतु उनके माता/पिता/अभिभावक के बैंक खाते में DBT के माध्यम से प्रति विद्यार्थी ₹1,200 धनराशि अंतरण की प्रक्रिया का शुभारंभ हुआ।
साथ ही, अपने… pic.twitter.com/54Okf50UxZ
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 29, 2024
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो देश के भविष्य का निर्माण कर रहे हैं, उनका सम्मान करना अपने आप में एक सम्मान का विषय है. शिक्षण संस्थानों से जुड़ी समस्याओं का समाधान करना भी एक परिश्रम है. परिश्रम से ही हमें खुशी मिलती है. विद्यार्थियों को उबाऊ कक्षाओं से उबाकर कैसे मनोरजक शिक्षा दी जाए. इस पर शिक्षकों को ध्यान लगाना होगा. शिक्षक कला में नए-नए अनुसंधान करने होंगे. बच्चों को कैसे आसानी से शिक्षा को ग्रहण कर सके इसका ध्यान रखना होगा.
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज सीएमएस के पास वर्ल्ड क्लास लीडरशिप है. हजारों परिवार अपने बच्चों को बेझिझक सीएमएस में पढ़ने के लिए भेजते हैं. क्योंकि उन्हें पता है कि यहां जो शिक्षा बच्चों को दी जाती है, वह उनके उज्जवल भविष्य को बनाने में मददगार है. उन्होंने कहा कि अच्छी बात है कि हम अपने बच्चों को आईपीएस बनाएं मगर उससे भी ज्यादा जरूरी है कि हमारे बच्चे एक अच्छे राष्ट्रभक्त नागरिक बने. हमें बच्चों में मानवीय संवेदनाओं को जागृत करना होगा. इस अवसर पर सीएमएस के शिक्षक शिक्षिकाएं और प्रॉब्लम समिति से जुड़े पदाधिकारी उपस्थित थे.

