उत्तर प्रदेश: रामनगरी अयोध्या में शुभ मुहूर्त पर राम जन्मभूमि मंदिर के गर्भगृह के मुख्य शिखर पर कलश स्थापित किया गया. 161 फिट ऊंचे शिखर कलश को विधि विधान पूर्वक वैदिक आचार्यों ने मंत्रों उच्चारण के साथ ने कलश पूजन कराया. इसके साथ जन्मभूमि परिसर में बने मंदिरों में शब्द ऋषियों की भी स्थापना पूर्ण हो गई. अब परकोटे में बन रहे छह मंदिरों पर भी कलश की स्थापना की जाएगी. इसके लिए दिन रात निर्माण कार्य जारी है.
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने शिखर पर कलश की स्थापना पर कहा कि बैसाखी के महत्वपूर्ण तिथि और डॉ. भीमराव अंबेडकर की जन्म जयंती के दिन श्रीराम जन्मभूमि के भव्य मंदिर के गर्भगृह के शिखर का कार्य पूर्ण हो गया. सोमवार की सुबह 9.15 मिनट पर पूरे विधि विधान से पूजन के साथ कलश स्थापना का कार्य प्रारंभ किया गया और 10.30 बजे शिखर का कार्य पूर्ण हो गया.
आज वैशाख कृष्ण प्रतिपदा तदनुसार दिनांक 14 अप्रैल 2025 को श्री रामजन्मभूमि मंदिर, अयोध्या के गर्भगृह के मुख्य शिखर पर प्रातः 9:15 बजे कलश पूजन विधि का शुभारंभ हुआ, जिसके उपरांत प्रातः 10:15 बजे कलश की स्थापना विधिवत् रूप से संपन्न की गई
Today, on Vaishakh Krishna Pratipada, i.e.… pic.twitter.com/US1HqJrlfb
— Shri Ram Janmbhoomi Teerth Kshetra (@ShriRamTeerth) April 14, 2025
चंपत राय ने बताया कि मंदिर परिसर में बन रहे परकोटा के 6 मंदिरों के शिखर पर भी कलश स्थापना किया जाएगा. वहीं बताया कि मंदिर के भूतल पर रामलला विराजमान है और प्रथम तल पर राम दरबार. परकोटा के 6 मंदिरों में देवताओं की प्रतिष्ठा होगी इसके अलावा सत्य मंदिरों में मूर्तियों की स्थापना पूरी हो चुकी है. और शेष शेषावतार मंदिर की भी स्थपना इस वर्ष पूरा हो जायेगा. उन्होंने बताया कि कलश स्थापना के बाद अंदर लगी मशीनों को अब खोलकर बाहर करने का कार्य जल्द हो जायेगा.

