सुशील कुमार शर्मा
गाजियाबाद: फ़िल्मी दुनिया और संगीत जगत की अनेक गणमान्य हस्तियों की उपस्थिति में लॉस एंजिल्स, यू एस ए स्थित संगीत लेबल सुर म्युजिक का शानदार लॉन्च जुहू,मुंबई के पांच सितारा होटल जे डब्लू मैरियट में किया गया. इस भव्य कार्यक्रम में पद्मविभूषण पंडित हरि प्रसाद चौरसिया, मशहूर गायक पदमश्री हरिहरन, जावेद अली, रूप कुमार राठौड़, सुनाली राठौड़ और प्रसिद्ध पटकथा लेखक व फ़िल्म निर्माता रूमी जाफ़री जैसी दिग्गज हस्तियाँ उपस्थित थीं. जिन्होंने करतल ध्वनि के साथ ‘सुर’ म्यूजिक लेबल को अपना आशीष दिया. महाराष्ट्र के संस्कृति मंत्री आशीष शेलार मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित थे. अनेक सितारों से सजे इस शानदार कार्यक्रम में गायिका सुश्री सोहिनी डे, गीतकार नित्यानंद तुषार, संगीतकार राजीव महावीर भी मौजूद थे. अंतर्राष्ट्रीय संगीत लेबल, सुर म्यूजिक की पहली प्रस्तुति में गायक पद्मश्री ए. हरिहरन और सुश्री सोहिनी डे को प्रस्तुत किया गया हैं.
ग्राम देवटा,तहसील सिकंदराबाद जिला बुलंदशहर में जन्मे एवं श्री कांति प्रसाद शर्मा (सेवा निवृत ,उप मुख्य लेखा परीक्षाअधिकारी, सहकारी समितियां एवं पंचायतें, उत्तर प्रदेश) के सुपुत्र एवं गाजियाबाद शहर के प्रताप विहार में दीर्घ काल से रह रहे और अब वर्तमान में सरकारी सेवा से सेवानिवृत्ती के बाद मुंबई निवासी हिंदी के प्रसिद्ध कवि और ग़ज़लकार नित्यानंद तुषार की ख़ूबसूरत ग़ज़ल को पद्मश्री ए हरिहरन और सोहिनी डे ने भावपूर्ण अंदाज़ में गाया है. इसका शानदार वीडियो हसनैन हैदराबादवाला ने शूट किया है. जो यूट्यूब एवं अन्य प्लेटफार्म पर उपलब्ध है. इस साॅन्ग की रिकार्डिंग अंधेरी वैस्ट,मुंबई में मशहूर गायिका सुश्री लता मंगेशकर के नाम पर स्थापित एल.एम. स्टूडियो में एवं कृष्णा स्टूडियो में की गई है.

यह उल्लेखनीय है कि अंतर्राष्ट्रीय म्युजिक लेबल सुर म्युजिक ने अपने पहले सॉन्ग- मोहब्बत तेरी के लिए गीतकार के रूप में हिंदी के सुपरिचित कवि और ग़ज़लकार श्री नित्यानंद तुषार का चयन किया है. सुर म्युजिक ने नित्यानंद तुषार की बेहद ख़ूबसूरत ग़ज़ल ‘याद आती है मुझे अब भी मोहब्बत तेरी’ को अपने पहले साॅन्ग के रूप में प्रस्तुत किया है। इससे पूर्व बालीवुड में नित्यानंद तुषार की एक अन्य ग़ज़ल ‘मैंने कुछ समझा नहीं था,तुमने कुछ सोचा नहीं’ को मशहूर संगीतकार शमीर टंडन के संगीत निर्देशन में चर्चित गायिका सुश्री निकिता गांधी ने अपनी आवाज़ दी है. जिसे ज़ी म्यूजिक कंपनी ने नवंबर, 2023 में रिलीज़ किया था. रैड एफ एम द्वारा टॉप इंडी ग़ज़ल 2023 की सूची में नित्यानंद तुषार द्वारा लिखी इस ग़ज़ल को प्रथम स्थान पर रखा गया है. उल्लेखनीय है नित्यानंद तुषार बालीवुड के अन्य कई मशहूर संगीतकारों के लिए भी गीत, ग़ज़ल लिख रहे हैं.
नित्यानंद तुषार के- दूरियों के दिन,सितम की उम्र छोटी है,वो ज़माने अब कहां,अगर साथ दो, ख़ुद ब ख़ुद ,हम कहां है ,तेरे बगैर नामक ग़ज़ल संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं. उनके कई संग्रह अभी प्रकाशनाधीन हैं. उन्होंने अनेक ग़ज़ल संकलनों का संपादन भी किया है. अनेक समवेत संकलनों में भी नित्यानंद तुषार की ग़ज़लें प्रकाशित हुईं हैं.
वह आकाशवाणी दिल्ली, मुंबई, लखनऊ और दूरदर्शन के राष्ट्रीय चैनल डी डी 1 से अनेक बार काव्य पाठ कर चुके हैं. उन्होंने आकाशवाणी दिल्ली की युववाणी सेवा से 1979 में अपने काव्यपाठ की पहली प्रस्तुति के बाद हिंदी वार्ता विभाग के साहित्यिकी कवि गोष्ठी कार्यक्रमों में अनेक बार काव्य पाठ किया है. आकाशवाणी दिल्ली की विदेश प्रसारण सेवा के लिए भी कई बार काव्य पाठ किया है.आकाशवाणी दिल्ली के सुगम संगीत विभाग ने इनके गीतों को चुना और रिकार्ड भी किया है. इसके अतिरिक्त सब टीवी, एनडी टीवी,दबंग टीवी, धमाल टीवी, जनमत टी वी, लाइव इंडिया,डी डी उर्दू नेशनल व लखनऊ दूरदर्शन से भी काव्य पाठ कर चुके हैं.

अनेक प्रतिष्ठित साहित्यिक, व्यासायिक पत्रिकाओं, जैसे कादम्बिनी,सरिता, साप्ताहिक हिंदुस्तान, हंस, साहित्य अमृत, इंडिया न्यूज, गंगा, वर्तमान साहित्य, आनंद,उत्तरार्ध,पाखी,अणुव्रत,सुषमा, चित्रलेखा, शुक्रवार कथाक्रम,उदभावना, गीत गागर,राष्ट्र धर्म आदि के साथ-साथ देश के अनेक प्रतिष्ठित समाचार पत्रों नेशनल एक्सप्रेस,नई दुनिया, प्रभात ख़बर, आज, दैनिक जागरण, अमर उजाला,ट्रिब्यून,नव ज्योति, हमारा महानगर, दैनिक भास्कर , विश्व मानव,राष्ट्रीय सहारा, सूत्रकार,जन सैनिक, वीरअर्जुन, पांचजन्य, हिंदुस्तान,संडे मेल आदि में उनकी रचनाएं समय- समय पर प्रकाशित होती रहीं है. देश के अनेक नगरों में आयोजित किए गए स्तरीय कवि सम्मेलन एवं मुशायरे में भी नित्यानंद तुषार ने काव्य पाठ किया है.
सिविल इंजीनियरिंग में बी.ई. डिग्रीधारी नित्यानंद तुषार ने कई दशक तक उत्तर प्रदेश राज्य में सिविल इंजीनियर के रूप में भी कार्य किया है. सुनीता डे चौधरी की सुपुत्री सुश्री सोहिनी डे ने पदमश्री श्री ए. हरिहरन के साथ इस ग़ज़ल में अपनी आवाज़ देकर बालीवुड में डेब्यू किया है. सोहिनी डे की संगीत शिक्षा इनकी मां सुमिता डे चौधरी और इनके मामा सुसांता चौधरी की गाइडेंस में शुरू हुई थी। सोहिनी डे ने जयंता सरकार और अजय चक्रवर्ती से भी हिंदुस्तानी क्लासिकल संगीत की शिक्षा ली. दूरदर्शन के बैटिल ऑफ बैंड्स का खिताब जीतने वाली और वेव्स 2025 में माननीय प्रधानमंत्री के समक्ष प्रस्तुति देने वाली गोहाटी ,असम की रहने वाली गायिका सोहिनी डे को सीसीआरटी स्कालरशिप भी प्राप्त हुई हैं. संगीतकार राजीव महावीर और यू.एस.ए. की उद्यमी और संगीत के प्रति रुचि रखने वाली सुवर्णा पप्पू ने इस म्युजिक लेबल, सुर म्यूजिक की स्थापना की है. सुर म्युजिक, बालीवुड और हालीवुड के बीच एक पुल की तरह से कार्य करेगा।यह जानकारी भी कार्यक्रम में दी गई. कंपनी के क्रिएटिव डायरेक्टर संदीप महावीर, कौशल महावीर, समीर महावीर, यश महावीर, मल्हार महावीर, वैष्णवी महावीर और जाह्नवी महावीर के साथ राजीव महावीर की मां आशा महावीर भी उक्त कार्यक्रम में उपस्थित रहीं. जयपुर घराने और पंडित के. महावीर की विरासत को ये लोग आज भी कायम रखे हुए हैं. इस शानदार कार्यक्रम में आमंत्रित अतिथियों में अनेक प्रसिद्ध गायक, गायिका, गीतकार व संगीतकार भी शामिल थे.

