दिल्ली: देशभर में आज को गणेश चतुर्थी का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है. सभी ओर गणपति बाप्पा मोरया के उद्घोष सुनाई दे रहे हैं. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दी है. साथ ही बिहार के मुख्यमंत्री सीएम नीतीश ने भी गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दी है. राष्ट्रपति, पीएम मोदी और सीएम नीतीश ने सोशल मीडिया के जरिए देशवासियों को शुभकामनाएं दी है.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ट्विट कर कहा कि, मैं सभी देशवासियों को गणेश चतुर्थी के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देती हूं. देश के अनेक भागों में सामूहिक उल्लास से मनाया जाने वाला यह पर्व सामाजिक ऊर्जा का सुंदर उदाहरण प्रस्तुत करता है. हमारी परंपरा में भगवान श्री गणेश को मंगलदाता और विघ्नहर्ता माना जाता है. गणेश चतुर्थी के इस शुभ अवसर पर मैं ईश्वर से प्रार्थना करती हूं कि वे आपदाओं से सबकी रक्षा करें और समृद्धि का संचार करें. गणपति बाप्पा मोरया.
मैं सभी देशवासियों को गणेश चतुर्थी के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देती हूं। देश के अनेक भागों में सामूहिक उल्लास से मनाया जाने वाला यह पर्व सामाजिक ऊर्जा का सुंदर उदाहरण प्रस्तुत करता है। हमारी परंपरा में भगवान श्री गणेश को मंगलदाता और विघ्नहर्ता माना जाता है। गणेश चतुर्थी…
— President of India (@rashtrapatibhvn) September 7, 2024
पीएम मोदी ने ट्विट कर कहा है कि, “समस्त देशवासियों को गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएं. गणपति बाप्पा मोरया!” पीएम ने इसके साथ ही एक वीडियो भी शेयर की है. जिसमें उन्होंने कहा कि गणेश जी विघ्नहर्ता हैं, वो देशवासियों के विघ्न को हरेंगे. उन्होंने कहा कि, गणेश उत्सव के साथ लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक का नाम आना स्वाभाविक है क्योंकि उन्होंने ही सार्वजनिक गणेश उत्सव की शुरूआत की थी.
समस्त देशवासियों को गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएं। गणपति बाप्पा मोरया! pic.twitter.com/is3Jvnygju
— Narendra Modi (@narendramodi) September 7, 2024
इस दिन से लगातार 10 दिनों के लिए गणेश महोत्सव का आरंभ होता है. गणेश चतुर्थी के दिन धूमधाम से गणपति बप्पा का जन्मोत्सव मनाते हैं. इस दिन ही घर और पूजा पंडाल में गणेश जी की मूर्ति स्थापित की जाती है और उनकी विधि-विधान से पूजा-अर्चना की जाती है. द्रिक पंचांग के अनुसार, इस साल गणेश चतुर्थी पर सर्वार्थ सिद्धि योग और रवि योग का संयोग बन रहा है. पूजा-अनुष्ठान और धर्म-कर्म के कार्यों के लिए यह अति शुभ समय माना गया है.

