गाजियाबाद: उत्तर प्रदेश का प्रवेश द्वार माने जाने वाले गाजियाबाद में ऐतिहासिक बदलाव होने जा रहा है. करीब 2200 करोड़ रुपये की लागत से इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम और एरोसिटी प्रोजेक्ट के जरिए शहर की सूरत बदलने की तैयारी है. प्रोजेक्ट के साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश को एक और अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की सौगात मिलने जा रही है. इसके साथ ही यह क्षेत्र इतने बड़े स्तर के इंटीग्रेटेड अर्बन डेवलपमेंट मॉडल का हिस्सा बनेगा, जिससे गाजियाबाद प्रदेश का बड़ा पर्यटन केंद्र बनकर उभरेगा. इसके साथ ही यहां लाखों की संख्या में रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे, जो प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिहाज से टर्निंग प्वाइंट साबित होंगे.
गाजियाबाद में इस महत्वाकांक्षी परियोजना का शिलान्यास जल्द ही होने की संभावना है। इससे वर्षों से अटकी योजना अब जमीन पर उतरने के करीब पहुंच गई है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन पर आधारित यह प्रोजेक्ट गाजियाबाद को स्पोर्ट्स, टूरिज्म और हाईटेक अर्बन डेवलपमेंट का बड़ा केंद्र बनाएगा. इसके साथ ही अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर प्रमुख आकर्षण रहेगा.
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के वीसी नंद किशोर कलाल ने बताया कि राजनगर एक्सटेंशन (मोर्टी क्षेत्र) में प्रस्तावित इस योजना के तहत 37 एकड़ में करीब 400 करोड़ रुपये की लागत से इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम विकसित किया जाएगा. वहीं, इसके आसपास 380 एकड़ में लगभग 1800 करोड़ रुपये की लागत से एरोसिटी टाउनशिप बसाई जाएगी. दोनों को मिलाकर एक ऐसा इंटीग्रेटेड अर्बन हब तैयार किया जाएगा, जहां खेल, व्यापार, पर्यटन और आधुनिक जीवनशैली का समेकित विकास होगा.
दरअसल, परियोजना की रूपरेखा 2014-15 में तैयार की गई थी, लेकिन लंबे समय तक यह आगे नहीं बढ़ सकी. उस दौर में विकास की गति अपेक्षित नहीं रही. इस कारण गाजियाबाद को उसकी क्षमता के अनुरूप पहचान नहीं मिल पाई. पहले की सरकार के दौरान रही सुस्ती के कारण यह प्रोजेक्ट वर्षों तक ठहरा में रहा. अब योगी सरकार में इसे प्राथमिकता में रखते हुए तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है.
करीब 400 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले स्टेडियम को अंतरराष्ट्रीय सुविधाओं से लैस किया जाएगा. इसमें करीब 30,000 से अधिक दर्शकों की क्षमता होगी. इसके साथ ही यहां आधुनिक मीडिया सेंटर और हाईटेक लाइटिंग सिस्टम जैसी सुविधाएं होंगी. यह इसे अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाएंगी. इस स्टेडियम के बनने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश को पहली बार बड़े अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट मुकाबलों की मेजबानी का अवसर मिलेगा.
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के वीसी नंद किशोर कलाल ने बताया कि स्टेडियम के चारों ओर विकसित होने वाली एरोसिटी इस पूरे प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी ताकत होगी. इसमें बड़े होटल, लक्जरी रिजॉर्ट्स, आधुनिक शॉपिंग मॉल, रिटेल जोन, हाई-टेक बिजनेस हब, ऑफिस स्पेस और एंटरटेनमेंट सेंटर विकसित किए जाएंगे. एयरपोर्ट के नजदीक होने के कारण यह क्षेत्र देश-विदेश के पर्यटकों और निवेशकों के लिए आकर्षण का बड़ा केंद्र बनेगा.
जीडीए वीसी ने कहा कि यह परियोजना सिर्फ स्टेडियम या टाउनशिप तक सीमित नहीं है, बल्कि एक नए अर्बन मॉडल के रूप में विकसित की जा रही है. इसमें स्पोर्ट्स एकेडमी, स्मार्ट रेजिडेंशियल कॉम्प्लेक्स, ग्रीन स्पेस और आउटडोर खेल सुविधाएं भी शामिल होंगी. इससे यह क्षेत्र रहने, काम करने और मनोरंजन के लिए एक संपूर्ण डेस्टिनेशन बनेगा.

