गाजियाबाद: गणतंत्र दिवस, गुरु रविदास जयंती, महर्षि दयानंद सरस्वती जयंती, महाशिवरात्रि आदि पर्व एवं अन्य धार्मिक सांस्कृतिक समारोह, विभिन्न राजनीतिक पार्टियों एवं अन्य संगठनों द्वारा समय-समय पर किए जाने वाले विरोध प्रदर्शन को देखते हुए कमिश्नरेट गाजियाबाद में कानून एवं शांति व्यवस्था को बनाए रखने के लिए गाजियाबाद में BNSS की धारा 163 लागू कर दी गई है. अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था एवं यातायात द्वारा इस संबंध में आदेश जारी किया गया है.
ज़िले में धारा BNSS की 163 लागू होने के बाद कई तरह की पाबंदियां और प्रतिबंध लागू रहेंगे. इस संबंध में जारी किए गए आदेश में तमाम पाबंदियों और प्रतिबंध के बारे में विस्तार से बताया गया है. आदेश में साफ कहा गया है कि BNSS की धारा 163 का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्यवाही अमल में लाई जाएगी. ऐसे में आपके लिए जानना बेहद आवश्यक है कि धारा 163 के तहत गाजियाबाद में क्या कुछ प्रतिबंध लागू रहेंगे.
आदेश के मुख्य बिंदु
- किसी भी सार्वजनिक स्थल पर पांच या पांच से अधिक व्यक्ति बिना सक्षम अधिकारी के आदेश के धरना, जुलूस, प्रदर्शन आदि के लिए एकत्रित नहीं होंगे और ना ही ऐसा करने के लिए किसी को प्रेरित करेंगे.
- कोई भी जाति विशेष का व्यक्ति या व्यक्तियों का समूह अपने गांव, नगर और मोहल्ले समिति अन्य स्थानों पर कोई ऐसा कार्य नहीं करेगा, जिससे जातीय हिंसा और अन्य विवाद उत्पन्न होने की संभावना हो.
- कमिश्नरेट गाजियाबाद में किसी भी गांव अथवा मोहल्ले में ऐसे व्यक्ति को प्रवेश नहीं दिया जाएगा, जिसके जाने से उसे क्षेत्र में तनाव की स्थिति उत्पन्न होने की संभावना हो.
- ऐसे तत्व जिनमें भ्रमण या कार्यक्रमों से सांप्रदायिक सद्भाव, समरसता और लोक परशांति पर कुप्रभाव पड़ता हो, को प्रबंध किया जाता है.
- कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार का अस्त्र-शास्त्र, विस्फोटक पदार्थ या ऐसी वस्तु जिनका प्रयोग आक्रमण किए जाने में किया जाता है, को लेकर नहीं चलेगा और ना ही इनको किसी स्थान पर एकत्रित करेगी और ना ही इनका सार्वजनिक प्रदर्शन करेगा.
- कोई व्यक्ति अथवा व्यक्तियों का समूह किसी भी सार्वजनिक स्थल और अपने घर की छत पर किसी प्रकार की ईंटें, पत्थर, किसी भी प्रकार की मिट्टी, कांच की बोतले आदि समेत कोई भी ऐसा जनरल सील पदार्थ एकत्रित नहीं करेगा जिससे मानव जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता हो.
- कोई भी पेट्रोल पंप मालिक या खुदरा विक्रेता पेट्रोल और डीजल की बिक्री वहां के अतिरिक्त बोतल अथवा किसी कंटेनर में नहीं करेंगे, क्योंकि यह संभावना है कि अराजक तत्व इस प्रकार खरीदे गए पेट्रोल और डीजल का प्रयोग हिंसात्मक कार्यों के लिए कर सकते हैं.
- कोई भी होटल या धर्मशाला आदि का प्रबंधन किसी भी व्यक्ति को बिना उसकी पहचान सत्यापित कारण बिना कमरा आवंटित नहीं करेगा.
- कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक रूप से माजरा और नशीले पदार्थों का प्रयोग नहीं करेगा, जिस कानून व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न होने की संभावना हो और ना ही ऐसा करने के लिए किसी को प्रेरित करेगा.
- कोई भी व्यक्ति या कोई समूह यातायात जाम नहीं करेगा और ना ही बातचीत करेगा. किसी भी सरकारी अथवा गैर सरकारी कार्मिक को ड्यूटी पर जाने से नहीं रोकेगा.
- राजकीय कार्यालय के ऊपर और आसपास एक किलोमीटर की अपराधी में ड्रोन से शूटिंग करना पूर्णत प्रतिबंधित होगा. इसके अतिरिक्त अन्य स्थानों पर संबंधित पुलिस उपायुक्त की लिखित परमिशन के बिना किसी प्रकार की ड्रोन कैमरे से शूटिंग फोटोग्राफी नहीं की जाएगी.
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था एवं यातायात द्वारा जारी किए गए आदेश में साफ कहा गया है कि आदेश कमिश्नरेट गाजियाबाद की सीमाओं में तत्काल प्रभाव से लागू होगा और 16 फरवरी 2026 तक प्रभावी रहेगा.

