उत्तराखंड सीएम धामी का सितारगंज दौरा, शक्तिफार्म क्षेत्र को दी बड़ी सौगात, पुल का किया शिलान्यास
उत्तराखंड

सीएम धामी का सितारगंज दौरा, शक्तिफार्म क्षेत्र को दी बड़ी सौगात, पुल का किया शिलान्यास

उत्तराखंड: सितारगंज के शक्तिफार्म क्षेत्र को बड़ी सौगात देते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सिसौना नदी पर बनने वाले 150 मीटर लंबे सीसी पुल का शिलान्यास किया. लगभग 11.40 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह पुल शक्तिफार्म को सीधे सिडकुल से जोड़ेगा. जिससे करीब 50 हजार लोगों को राहत मिलेगी.

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को सितारगंज विधानसभा क्षेत्र के शक्तिफार्म को सिडकुल से जोड़ने के लिए सिसौना नदी पर बनने वाले 150 मीटर स्पान सीसी पुल का विधिवत शिलान्यास किया. लगभग 11 करोड़ 40 लाख 82 हजार रुपये की लागत से बनने वाला यह पुल क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होगा. शक्तिफार्म पहुंचने पर मुख्यमंत्री का स्थानीय जनता और जनप्रतिनिधियों ने फूलमालाओं के साथ भव्य स्वागत किया.

मुख्यमंत्री ने कहा इस महत्वपूर्ण पुल के निर्माण से क्षेत्र के करीब 50 हजार लोगों को सीधा लाभ मिलेगा. पुल बनने के बाद शक्तिफार्म से सिडकुल सितारगंज एवं विकासखंड कार्यालय सिसौना तक पहुंचने के लिए लोगों को लगभग 9 किलोमीटर कम दूरी तय करनी पड़ेगी. इससे समय और ईंधन की बचत के साथ-साथ आवागमन अधिक सुगम, सुरक्षित और किफायती होगा.

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रदेश के शहरों से लेकर सुदूर गांवों तक सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने का कार्य कर रही है. उन्होंने कहा कि शक्तिफार्म क्षेत्र में पीपीपी मॉडल के तहत आधुनिक डेयरी प्रसंस्करण इकाई स्थापित की जा रही है, जबकि प्रह्लाद पलसिया में लगभग 54 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे एक्वा पार्क का 75 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है.

मुख्यमंत्री ने बताया कि क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए पीएचसी को 30 बेड के सीएचसी में उच्चीकृत किया गया है. इसके साथ ही सितारगंज-टनकपुर फोरलेन सड़क, आधुनिक ड्रेनेज प्रणाली, मोटर मार्गों के निर्माण और मल्टीस्टोरी पार्किंग जैसी परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार भ्रष्टाचार, नकल माफिया और अवैध गतिविधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रही है. उन्होंने समान नागरिक संहिता, सख्त नकल विरोधी कानून और धर्मांतरण विरोधी कानून का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार राज्य की संस्कृति, आस्था और सामाजिक समरसता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है.

Exit mobile version