दिल्‍ली-एनसीआर राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे होने का जश्न मनाएगा भारत, केंद्रीय मंत्रिमंडल का फैसला
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राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे होने का जश्न मनाएगा भारत, केंद्रीय मंत्रिमंडल का फैसला

दिल्ली: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को पूरे भारत में राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे होने का जश्न मनाने का फैसला किया. संविधान सभा ने बंकिमचंद्र चटर्जी द्वारा रचित ‘वंदे मातरम’ को राष्ट्रीय गीत का दर्जा दिया था.

केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए, केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम में इस गीत की भूमिका को ध्यान में रखते हुए, इसके 150वें वर्ष के उपलक्ष्य में देशव्यापी समारोह आयोजित करने का निर्णय लिया गया है.

‘India.Gov’ पोर्टल के अनुसार वंदे मातरम की रचना चटर्जी ने संस्कृत में की थी. इसे राष्ट्रगान, जन-गण-मन के बराबर दर्जा प्राप्त है. साथ ही बैठक में कई अहम फैसले भी लिए गए. महत्वपूर्ण फैसलों में 2025-31 तक ‘दलहनों में आत्मनिर्भरता मिशन’ के लिए 11,440 करोड़ रुपये को मंजूरी देना शामिल है.

इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में दिवाली-दशहरा से पहले केंद्रीय कर्मचारियों को महंगाई भत्ता में (DA) 3 फीसदी की बढ़ोतरी की मंजूरी दी गई है. इसके साथ ही अब कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 55 प्रतिशत से बढ़कर 58 प्रतिशत हो गया है. यह बढ़ोतरी 1 जुलाई, 2025 से प्रभावी माना जाएगी.

कैबिनेट के फैसलों पर केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि मंत्रिमंडल ने देश के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 57 नए केंद्रीय विद्यालयों को मंजूरी दी है. इनमें 20 उन जिलों में खोलने का प्रस्ताव है, जहां वर्तमान में कोई केंद्रीय विद्यालय मौजूद नहीं है. 14 केंद्रीय विद्यालय आकांक्षी जिलों में, 4 केवी वामपंथी उग्रवाद जिलों में और 5 नईआर, पहाड़ी क्षेत्रों में प्रस्तावित हैं.

अश्विनी वैष्णव ने बताया कि पीएम मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ‘दलहनों में आत्मनिर्भरता मिशन’ को भी मंजूरी दी है. यह एक ऐतिहासिक पहल है और इसका उद्देश्य डोमेस्टिक प्रोडक्शन को बढ़ावा देना और दलहनों में आत्मनिर्भरता हासिल करना है.

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