नोएडा: गौतमबुद्ध नगर जनपद में UP16 नंबर से चलने वाली वह गाड़ियां जो फिटनेस के साथ ही अपना समय पूरा करने के बावजूद सड़कों पर फर्राटे से दौड़ रही थी, ऐसी गाड़ियों के खिलाफ आरटीओ विभाग ने सख्त कार्वाई की, करीब 1710 गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन और आरसी आरटीओ विभाग ने जनवरी से लेकर अब तक निलंबित और कैंसिल किया गया है.
उन्होंने बताया कि यह गाड़ियां अब सड़क पर अगर देखी गई तो इन्हें जप्त कर लिया जाएगा. यह जानकारी देते हुए एआरटीओ नोएडा डॉक्टर सियाराम वर्मा ने बताया कि यह कार्रवाई एक अभियान चलाकर की गई है. उन्होंने बताया कि इस दौरान 100 से अधिक ड्राइविंग लाइसेंस को भी निरस्त करने का काम किया गया है, जिनमें काफी कमियां पाई गई है. 17 सौ से अधिक जिन गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन निरस्त किए गए हैं, उसमें स्कूल बस भी शामिल है. जो बिना परमिट और फिटनेस के बच्चों की जान जोखिम में डालकर चलाए जाने का काम स्कूलों द्वारा किया जा रहा था. एआरटीओ ने बताया कि यह अभियान और कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी.
नोएडा के एआरटीओ डॉक्टर सियाराम वर्मा ने बताया कि 1 जनवरी 2025 से लेकर 15 मार्च 2025 के बीच 1674 वाहनों की आरसी निरस्त किए जाने की कार्रवाई की गई है, जिसमें कमर्शियल और प्राइवेट दोनों ही वाहन शामिल है. इन वाहनों में 5 स्कूल के भी वाहन है, जो बिना फिटनेस और रजिस्ट्रेशन समाप्त होने के बाद सड़कों पर चलाए जा रहे थे. उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई तब की गई जब वाहन स्वामियों को कई बार नोटिस देने के बावजूद भी उनके द्वारा वाहनों का पुनः रजिस्ट्रेशन या अन्य कार्रवाई नहीं की गई थी. बार-बार नोटिस मिलने पर भी वाहन स्वामियों ने लापरवाही दिखाई, जिसके चलते यह कार्रवाई विभाग द्वारा की गई है. स्कूल के वाहनों पर विशेष नजर रखी गई थी, ताकि बच्चों की सुरक्षा प्रभावित न हो सके. आरटीओ सियाराम वर्मा ने बताया कि 36 वाहनों की आरसी निलंबित की गई है, जिसमें 19 बस शामिल है. वहीं 1674 वाहनों की आरसी कैंसिल की गई है, जिसमें पांच बस शामिल है.
एआरटीओ नोएडा सियाराम वर्मा ने बताया कि ट्रैफिक विभाग द्वारा पुलिस विभाग के सहयोग से यह कार्रवाई की है. वहीं जिन वाहन स्वामियों द्वारा नोटिस देने के बावजूद भी अभी तक अपने वाहनों को कटवाने या पुनः रजिस्ट्रेशन और फिटनेस की कार्रवाई नहीं की है, उनको भी चिन्हित किया जा रहा है, और उनके वाहनों को भी सूचीबद्ध करके चल रही है, उनका आरसी निरस्त और निलंबित किया जाएगा. उन्होंने यह भी बताया कि वाहन स्वामियों के खिलाफ जुर्माना की भी विचार में लाई गई है, जो प्रस्तावित होने के बाद अमल में लाई जाएगी. उन्होंने बताया कि 10 साल पुराने डीजल वाहन और 15 साल पुराने पेट्रोल के वाहन एनजीटी के नियमों को ध्यान में रखते हुए, उन्हें सड़कों पर चलने की किसी भी तरह से अनुमति नहीं दी जाएगी.
