उत्तर प्रदेश: राम जन्मभूमि परिसर में काशी के विद्वान जयप्रकाश त्रिपाठी के नेतृत्व में 101 आचार्य के द्वारा सात मंदिरों में प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान को संपन्न कर रहे हैं. दो दिन तक लगातार संस्कार और अधिवास परंपरा को पूरा करने के बाद आज सुबह 6:00 बजे प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान को प्रारंभ किया गया. सुबह सबसे पहले सभी विग्रहों का अभिषेक पूजन संपन्न हुआ. उसके बाद मौसम के अनुकूल वस्त्र भी धारण कराया गया. वैदिक आचार्य के द्वारा स्थान पूजन संपन्न करने के साथ राम मंदिर के प्रथम तल पर स्थापित राम दरबार की मूर्ति का भी पूजन प्रारंभ किया गया. विश्व में भगवान राम को चांदी से बने धनुष बाण को भी धारण कराया गया.
दक्षिणे लक्ष्मणो यस्य वामे तु जनकात्मजा।
पुरतो मारुतिर्यस्य तं वन्दे रघुनन्दनम्॥जिसके दाहिने लक्ष्मण हैं, बाएँ जनकनंदिनी सीता हैं, और जिसके सम्मुख पवनपुत्र हनुमान हैं, मैं उन रघुकुलनंदन श्रीराम को नमस्कार करता हूँ।
On whose right stands Lakshmana, on whose left Sita ji, and… pic.twitter.com/Nbh5lnuKiY
— Shri Ram Janmbhoomi Teerth Kshetra (@ShriRamTeerth) June 5, 2025
सिंहासन समेत राम दरबार के मूर्ति की ऊंचाई सात फीट है. सिंहासन करीब साढ़े तीन फुट ऊंचा है, जबकि सीताराम का विग्रह साढ़े चार फुट ऊंचा है. मूर्ति सिंहासन पर स्थापित करने के बाद ऊंचाई एक से ड़ेढ फुट कम हो गई है. ऐसे में कुल ऊंचाई सात फीट तक होगी. वहीं, हनुमान व भरत की मूर्ति बैठी मुद्रा में है, ऊंचाई ढाई फीट है. लक्ष्मण व शत्रुघ्न की मूर्ति खड़ी मुद्रा में है, इसकी ऊंचाई तीन-तीन फीट है. शताब्दियों के संघर्ष के पश्चात अपने पुरातन वैभव को प्राप्त करने की ओर अग्रसर रामनगरी के साथ गंगा दशहरा के अवसर पर स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया.
गंगा दशहरा पर राम मंदिर के प्रथम तल पर माता सीता संग राजाराम की प्राण प्रतिष्ठा आज अभिजीत मुहूर्त में होगी. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहली आरती उतारेंगे. इसको लेकर मुख्यमंत्री अयोध्या पहुंच चुके हैं. राम कथा पार्क स्थित हेलीकॉप्टर पर लैंड करने के बाद उनका काफिला सबसे पहले हनुमानगढ़ी मंदिर पहुंचा. जहां दर्शन पूजन करने के बाद मठ के संतों से मुलाकात की. महंत संत रामदास, महंतराजू दास महंत संजय दास पुजारी हेमंत दास सहित अन्य संतों ने मुख्यमंत्री को जन्मदिन की बधाई दी.
