दिल्ली: आईआईटी दिल्ली के बुनियादी ढांचे को बड़ा विस्तार देते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बुधवार को 10 मंजिला अकादमिक ब्लॉक-103 और 12 मंजिला गर्ल्स हॉस्टल-50B की आधारशिला रखी. लगभग 430 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली यह परियोजनाएं संस्थान में शिक्षा, शोध और छात्राओं की आवासीय सुविधाओं को नई ऊंचाई देंगी.
आईआईटी दिल्ली के निदेशक प्रो. रंगन बनर्जी ने कहा कि अकादमिक ब्लॉक-103 लगभग 5 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में बनेगा. यह आईआईटी दिल्ली की पहली 10 मंजिला शैक्षणिक इमारत होगी, जिसकी ऊंचाई 36.75 मीटर होगी और इसमें दो बेसमेंट भी होंगे. इस भवन में 31 कक्षाएं और लेक्चर थिएटर, 150 अत्याधुनिक शोध प्रयोगशालाएं, 150 फैकल्टी कार्यालय और कॉन्फ्रेंस रूम बनाए जाएंगे. साथ ही यहां एजुकेशनल टेक्नोलॉजी सर्विसेज सेंटर स्थापित किया जाएगा. विद्यार्थियों और स्टाफ की सुविधा के लिए कैफेटेरिया, बैंकिंग सुविधा और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी.
During my visit to @iitdelhi, I also had the opportunity to lay the foundation stone for an academic block and a girls’ hostel.
Confident that the addition of these infrastructure facilities will further enrich campus life and provide more opportunities to pursue academic and… pic.twitter.com/biJ2gDiaoM
— Dharmendra Pradhan (@dpradhanbjp) February 11, 2026
गर्ल्स हॉस्टल-50B लगभग 3.9 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में बी+जी+12 संरचना (बेसमेंट + ग्राउंड + 12 मंजिल) में बनाया जाएगा. इस हॉस्टल में 1400 छात्राओं के रहने की व्यवस्था होगी. हॉस्टल के कमरों को डबल ऑक्यूपेंसी आधार पर डिजाइन किया गया है, जिनमें बिल्ट-इन अलमारी, स्टडी टेबल और यूनिवर्सल चार्जिंग पॉइंट जैसी सुविधाएं होंगी. इसके अलावा एक सुव्यवस्थित डाइनिंग हॉल भी बनाया जाएगा.
दोनों परियोजनाओं को 4-स्टार GRIHA प्रमाणन के लक्ष्य के साथ तैयार किया जा रहा है. निर्माण में सोलर पैनल, वर्षा जल संचयन प्रणाली, ऊर्जा दक्ष पैसिव डिजाइन और लो-वीओसी सामग्री का उपयोग किया जाएगा. परियोजना की योजना बनाते समय परिसर की मौजूदा पारिस्थितिकी का विशेष ध्यान रखा गया है, जिससे किसी भी पेड़ की कटाई की आवश्यकता नहीं पड़ेगी. हरित सार्वजनिक स्थान भी विकसित किए जाएंगे.
