ग्रेटर नोएडा: नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) ने सिंगल कनेक्शन वाली सभी हाइराइज सोसाइटियों में अगले चार से पांच महीने में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन लगाने की तैयारी शुरू की है. इसके लिए (एनपीसीएल) को सोसाइटी के लोगों से पहले इसकी सहमति लेनी होगी.
नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) द्वारा सहमति के लिए अभियान की शुरूवात कर दी गई है. विद्युत नियामक आयोग के नियमानुसार अनुसार सोसायटीज के 51 प्रतिशत निवासियों की सहमति मिलने पर सोसायटी को मल्टी प्वाइंट कनेक्शन जारी कर दिये जाएंगे. जिसके मिलने सोसायटी के लोगों को बिजली के बिल में 12, फीसदी तक का फायदा मिल सकता है.
हाईराइज सोसाइटिज में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन लेने का मुद्दा काफी लंबे समय से चल रहा है. नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) नई सोसायटीज में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन पहले से ही दे रहा है. लेकिन सिंगल प्वाइंट वाली हाईराइज सोसाइटियों को मल्टी प्वाइंट सिस्टम में बदलने वाला कार्य एक चुनौतीपूर्ण बना हुआ है. नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) द्वारा बताया गया है कि सोसायटीज के कुछ बिल्डर व एओए इसके लिए सहमति देने को तैयार नहीं होते. जिसके चलते सौ फीसदी सोसाइटिज में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन देने का लक्ष्य पूरा नहीं हो पा रहा है.
ग्रेनो वेस्ट की 10, से अधिक सोसाइटिज में विधुत आपूर्ति के ढांचे में खामियां पाए जाने पर मल्टी प्वाइंट कनेक्शन का मुद्दा भीषण गर्मी के चलते एक बार फिर चर्चा का विषय बना हुआ है. विद्युत नियामक आयोग के दिशा निर्देशों के अनुसार (एनपीसीएल) द्वारा सोसाइटियों में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन देने के प्रयासों के कार्यों में तेजी से काम शुरू कर दिया है. नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) का लक्ष्य आगामी चार से पांच माह में उन सभी हाईराइज सोसाइटिज में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन देने का है. जहां अभी सिंगल प्वाइंट कनेक्शन है.
नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड (एनपीसीएल) अधिकारियों के अनुसार सोसायटी के 51, फीसदी लोगों की सहमति के बाद सोसाइटी में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन दिया जा सकता है. सहमति के बाद भी यदि कोई विरोध करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है. सोसाइटिज में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन लगने पर सोसायटी के बिजली उपभोक्ताओं को मौजूदा बिल में 12, प्रतिशत का फायदा मिल सकता है. मल्टी प्वाइंट कनेक्शन के बाद कोई दिक्कत होने पर कंपनी नियमानुसार अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं पाएगी.
