नोएडा: नागरिक उड्डयन मंत्रालय और नागरिक उड्डयन महानिदेशालय तथा सुरक्षा एजेंसियों के निर्देशानुसार नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जेवर को रेड जोन घोषित कर दिया गया है. इसके बाद नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के ऊपर और आसपास ड्रोन या किसी भी प्रकार के मानव रहित हवाई वाहन उड़ाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है. नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) रेड ज़ोन (No Drone Fly Zone) घोषित है।
उल्लंघन करने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जायेगी।
सुरक्षा में सहयोग करें।उक्त के संबंध में एडीसीपी मनीष कुमार मिश्र द्वारा दी गई बाइट। https://t.co/ZshKp45XGG pic.twitter.com/ETUnaACB0u
— POLICE COMMISSIONERATE GAUTAM BUDDH NAGAR (@noidapolice) April 26, 2025
एडीसीपी जेवर एयरपोर्ट मनीष कुमार मिश्रा ने बताया कि एयरपोर्ट की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह आदेश और निर्देश जारी किए गए हैं. जिसको मानना हर किसी के लिए अनिवार्य है. जिस किसी के भी द्वारा यह नियम तोड़ा जाएगा, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने यह भी बताया कि यह पूरी तरह से सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से निर्णय लिया गया है.
एडीसीपी जेवर एयरपोर्ट के अनुसार, नागर विमानन मंत्रालय एवं नागरिक उड्डयन महानिदेशालय तथा सुरक्षा एजेंसियों के निर्देशानुसार 8 अक्टूबर 2024 को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को रेड जोन (नो ड्रोन फ्लाई जोन) घोषित किया गया है. नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के ऊपर एवं आसपास के क्षेत्र में ड्रोन या किसी भी प्रकार के अनमैन्ड एरियल व्हीकल उड़ाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है. एडीसीपी ने बताया कि यह प्रतिबंध एयरपोर्ट की सुरक्षा एवं वायु क्षेत्र की निगरानी को ध्यान में रखते हुए लागू किया गया है. इस क्षेत्र में बिना अनुमति के ड्रोन उड़ाना भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण अधिनियम, 1934 और यूएवी संचालन के नियमों के अंतर्गत दंडनीय अपराध है.
उन्होंने बताया कि नोएडा एयरपोर्ट क्षेत्र को 8 अक्टूबर को ही रेड जोन घोषित किया जा चुका है, लेकिन अब इस पर सख्ती से अमल किया जा रहा है. ऐसे में जो भी व्यक्ति, संगठन या समूह नियमों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. पुलिस ने एक वीडियो संदेश भी जारी कर सभी से नियमों का पालन करने और एयरपोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की है.
